| क्रम संख्या |
समय/अवस्था |
दवा का नाम |
200 लीटर पानी के लिए दवा की मात्रा |
जिन कीटों व रोगों का नियंत्रण होगा |
| 1 |
सफ़ेद कली अवस्था |
डारमैंन्ट आयल +
कार्बैन्डाजिम
या
कापर आक्सीक्लोराइड |
4 लीटर 100 ग्राम
600 ग्राम |
सैन्जोस स्केल, युलिकेनियम स्केल व लीफ कर्ल रोग |
| 2 |
गुलाबी कली अवस्था |
आक्सिडेमेंटान-मिथायल |
200 मि.ली. |
लीफ कर्ल एफिड |
| 3 |
मई |
कैपटान
या
मैन्कोजेब या
प्रोपिनेब +
मोनोक्रोटोफास
कापर आक्सीक्लोराइड +
स्ट्रेप्टोसाईक्लीन |
600 ग्राम
600 ग्राम
600 ग्राम +
200 मि.ली.
600 ग्राम +
20 ग्राम |
ब्राउन राट. स्केल, पत्ती व फल खाने वाले कीट गमोसिस |
| 4 |
जून (फल तोड़ने से 15 दिन पहले) |
बेट स्प्रे (मैलाथियोन+गुड) |
(400 मि.ली.
+ 2 किलो ग्राम) |
फ्रूट फ्लाई | गिरे हुए ग्रसित फलों को गहरे गड्ढे में दबाएं| |
| 5 |
जुलाई-अगस्त |
कॉपर आक्सीक्लोराइड
+
स्ट्रेप्टोसाईक्लीन |
600 ग्राम
+
20 ग्राम |
गमोसिस
गिरे हुए फलों को गड्ढे में दबाएं| |
| 6 |
तनों व शाखाओं से रिसने वाले गोंद के उपचार हेतु मशोबरा पेस्ट का आवश्यकतानुसार प्रयोग करें |